पति के घर में रहते मुझे चोदा मेरा आशिक कैसे जानिए

Najayaj Rishte me : हेलो फ्रेंड मैं किरण, नागपुर से हु, ३५ साल की हु, मैं अभी सेक्स की भूखी हु, क्यों की मैं साल में एक बार ही अपने पति से चुदवाती हु, क्यों की मुझे मेरा पति पसंद नहीं है, आज तक इस वजह से कोई बच्चा भी नहीं है, मैं नफरत करती हु अपने पति से क्यों की मैं जिसको चाहती थी उससे मेरी शादी ना हो के कही और हो गया था.

बात १५ साल पुरानी है मैं अपने भाई का दोस्त (राज) के साथ प्यार करती थी, मैं बहुत चाहती थी उससे पर उसकी शादी कही और हो गयी, मेरी भूल थी की मैं अपने प्यार का इजहार नहीं की थी, अब तो कुछ भी नहीं होने बाला था, मैं पहले से ही सोच रखी थी की मैं अपनी जवानी राज पे ही लुटाऊंगी, पर ये हो नहीं सका, मैं पांच साल तक अपने पति को छूने तक नहीं दिया, पर मैंने खुद पे काबू रखी और एक दिन अपने पति से चुद गयी, पर वो मुझे संतुष्ट नहीं कर पाया इस वजह से मैं फिर से उससे नफरत करने लगी, पर मेरी ख़ुशी का ठिकाना ना रहा एक दिन राज का फ़ोन आ गया |

फ़ोन की घंटी बजी, मैंने ही फ़ोन उठाया उधर राज था, मेरी आँख में आँशु आ गए ये आंसू मेरी ख़ुशी के आंसू थे, राज ने कहा किरण मैं तुम्हारे शहर में हु, मैंने कहा अरे राज तुम और नागपुर में बोला हां किरण मैं कुछ ऑफिस के काम से आया हु, मैंने अपने पति को बताया की राज आया है, मैंने अपने पति को पहले भी बताया था की राज मेरी भाई का सबसे अच्छा दोस्त है,

फिर उन्होंने मेरी से फ़ोन लिया और राज को घर पे बुलाया, राज शाम को घर पे आया तो मैं बहुत ही खुश हुयी, रात को मेरी पति और राज दोनों मिलकर शराब पि, मेरी पति काफी शराब पि लिए थे इसवजह से उन्हें कुछ भी होशो हवाश नहीं था, वो गिर गए, मैंने और राज दोनों मिलकर उन्हें बीएड पे लिटाया.

उसके बाद राज मुझसे पूछा कैसी हो किरण, मैंने कहा ठीक हु, आज तक तुम्हे भूल नहीं पायी हु, राज ने कहा “भूल नहीं पायी हु क्या मतलब” राज ने कहा, मैंने कहा हां राज मैं तुमसे बहुत प्यार करती थी, पर तुम्हारी शादी कही और हो गयी, मैंने खाना पीना छोड़ दी थी की मैं सिर्फ तुम्हारे साथ ही शादी करुँगी अन्यथा नहीं करुँगी, तो मेरी पापा और भैया मेरा रिस्ता लेके तुम्हारे यहाँ गए थे पर जब वो तुम्हारे घर के पास पहुंचे तो किसी ने बता दिया की तुम्हारी सगाई हो रही है, वो लोग वह से वापस चले आये, तब से आज तक मैं तुम्हारे यादों के सहारे हु, मैं अपने पति को प्यार नहीं करती और कोई अच्छा सेक्स रिलेशन भी नहीं है.

राज मुझे घूर घूर के देख रहा था, मैंने कहा राज क्या मुझे एक दिन के अपनी पत्नी बना लोगे ? राज कुछ देर चुप रहा फिर उसने मेरी हस्बैंड को देखा वो नशे में सो रहा था और फिर मुझे देखा और गले लगा लिया, मैंने भी उसको अपनी बाहों में समेत लिया, वो मेरी वासना भड़क उठी, मुझे राज को याद करते करते करीब २० साल हो गए था, फिर हम दोनों दूसरे कमरे में गए दरवाजा बंद कर दिए मुझे पता था की मेरी पति दूसरे दिन १० बजे ही अब उठेंगे, चाहे घर में कुछ भी हो जाये,

राज ने मेरी ब्लाउज को खोल दिया, मेरी चूचियाँ भी राज के हाथ में जाने को बेक़रार था, मैं अपने आप को सौप देना चाहती थी, फिर उसने मेरी ब्रा के हुक को खोल दिया मेरी दोनों बड़ी बड़ी चूचियाँ हवा में लहरा रहा था, राज चूसने लगा, मैंने भाव विभोर हो गयी, मुझे लग रहा था मेरा खोया प्यार वापस मिल गया है, आज मैं पूरी तरह से संतुष्ट हो जाना चाहती थी,

मैंने उसके बालों में उंग़लीयन फेरने लगा, वो चुपचाप मेरी चूचियों को पि रहा था, उसके बाद बेड पे लेट गए, उसने फिर मेरी पेटीकोट को खोल दिया और मेरी पेंटी में हाथ घुसा दिया, मेरी चूत पूरी गीली हो चुकी थी, उसने जैसे ही हाथ लगाया छूट पे, राज बोला किरण तुम्हारा चूत तो बहुत गरम है, मैंने कहा क्या करे आज तक तुम्हारे लिए ही गरम है आज तुम ठंढा कर दो आप ये कहानी, आप ये कहानी नॉनवेज स्टोरी डॉट कॉम पे पढ़ रहे है.

राज मेरी पेंटी को खोल दिया और मेरी टांगो को अलग करके मेरी चूत को चाटने लगा, पर मुझे राज का लंड जल्दी चाहिए था क्यों की मेरी चूत में खुजली हो रही थी, मुझे लंड चाहिए था, वो मेरी चूत पे अपना मोटा लंड करीब ६ इंच का था रखा और जोर से दबा दिया, पूरा लंड हचा हच करते हुए चूत के अंदर दाखिल हो गया,

मैं स्वर्ग की सैर कर रही थी मेरी मुह से आआअह्हह्हह आआआह्ह्ह आआआह्ह्ह के अलावा कुछ भी नहीं निकल रहा था, मेरी आँखें आधी बंद होने लगी थी, आँखे नशीली और लाल लाल हो गयी थी, राज मुझे जोर जोर से चोदे जा रहा था, मैंने उसे पकड़ी हुए अपने आप में समेटे हुए थी, मुझे लग रहा था की वो ज़िंदगी भर मुझे ऐसे हो चोदते रहे,

रात भर मुझे करीब ५ बार चोदा और गांड मारा, हम दोनों नंगे सोये रहे रात भर सुबह जब आठ बजे उठे तो राज मेरी बगल में सोया हुआ था, मैंने उसे किश किया और जगाया, बोला राज तुम मुझे एक बार और चोद लो क्या पता कभी ये मौका ज़िंदगी में आये या नहीं, फिर वो मुझे चोदा, आधे घंटे बाद मैंने कमरे से निकले और राज भी निकला मैंने बाहर जो बेड था उसी पे एक बिछावन दाल दिया ताकि मेरी पति को लगे की राज रात भर बहार ही सोया था